दुर्ग में स्कूल-शिक्षा मंत्री बोले-दुर्ग में 70 सरकारी स्कूलों को बनाएंगे स्मार्ट:सरकार के दो साल पूरे, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए बनेंगे 500 सीटर सेंट्रल-लाइब्रेरी
By Dinesh chourasiya

दुर्ग जिले में जल्द ही सरकारी स्कूलों को स्मार्ट स्कूलों में बदलने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए 70 स्कूलों का चयन किया गया है। जिनमें से 21 स्कूलों को पहले चरण में स्वीकृति मिल चुकी है। इसके अलावा दुर्ग में संगीत विश्वविद्यालय की स्थापना, प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए नालंदा परिसर और 1142.28 लाख की लागत से 500 सीटर सेंट्रल लाइब्रेरी को मंजूरी मिली है।
प्रदेश में भाजपा सरकार के दो साल पूरे होने पर दुर्ग में स्कूल शिक्षा मंत्री ने जिले के विकास कार्यों की जानकारी दी। सरकार के किए गए कार्यों की जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि, दुर्ग विधानसभा क्षेत्र में खेल, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और नगरीय विकास के लिए करोड़ों की स्वीकृतियां मिली हैं।







इसमें दुर्ग को आईटी हब बनाने की तैयारी का महत्वपूर्ण चरण पूरा हो गया है। आईआईटी भिलाई और छत्तीसगढ़ सरकार के बीच आईटी पार्क स्थापना के लिए एमओयू साइन किया गया है। अधिकारियों के अनुसार, यह पार्क युवाओं के लिए नए रोजगार और स्टार्टअप के अवसर खोलेगा और शहर को तकनीकी प्रगति के केंद्र के रूप में स्थापित करेगा।

सड़क चौड़ीकरण के लिए 1 अरब से अधिक की स्वीकृति
बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए शहर में कई प्रमुख सड़कों के चौड़ीकरण के प्रस्ताव को स्वीकृति मिल चुकी है। चंडी मंदिर रोड, जेल तिराहा-मिनी माता चौक फोरलेन, महाराजा चौक-बोरसी चौक फोरलेन, राजेन्द्र पार्क-आईएमए चौक फोरलेन, जीई रोड–स्टेशन रोड और स्टेशन रोड–शहीद चौक फोरलेन सहित कई मार्गों के विकास के लिए 1 अरब 5 करोड़ 76 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं।




दुर्ग में बन रहा इंडोर स्टेडियम
रविशंकर स्टेडियम के पास 144.68 लाख रुपए की लागत से शहर का पहला आधुनिक इंडोर बैडमिंटन कोर्ट बनाया गया है। 148.68 लाख की लागत से स्विमिंग पूल निर्माण अंतिम चरण में है, जबकि उरला में 198.39 लाख की लागत से मिनी स्टेडियम तैयार किया जा रहा है। BCCI की तरफ से रविशंकर स्टेडियम को स्थापित करने की प्रक्रिया जारी है। दुर्ग को खेल के नए हब के रूप में विकसित करने का लक्ष्य है।
बुनियादी सुविधाओं में बड़ा निवेश
शहर में 1100 से अधिक बिजली पोल, 6 हाई-मास्ट लाइट, 10 सोलर हाई-मास्ट और 20 स्थानों पर ट्रांसफॉर्मर स्थापना के कार्य किए जा रहे हैं। पेयजल व्यवस्था सुधारने 42 एमएलडी फिल्टर प्लांट अपग्रेडेशन, आरओ वाटर मशीनें और अमृत मिशन के तहत 188.73 करोड़ की परियोजनाएं लागू की जा रही हैं।
दुर्ग निगम क्षेत्र के 116 से अधिक स्थानों पर सीसी रोड और नाली निर्माण कार्य चल रहे हैं। 31 करोड़ 6 लाख की राशि से विभिन्न वार्डों में सड़क और नाला निर्माण स्वीकृत हुआ है। सिकोला नाला निर्माण के लिए 975.56 लाख रुपए भी स्वीकृत किए गए हैं।




