CG के धमतरी में शिक्षकों ने TET अनिवार्यता के खिलाफ घेरा कलेक्ट्रेट:5 सूत्रीय मांगों को लेकर किया प्रदर्शन, समाधान नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी
By Dinesh chourasiya

धमतरी में पांच सूत्रीय मांगों को लेकर छत्तीसगढ़ शिक्षक संघर्ष मोर्चा ने धमतरी में कलेक्ट्रेट का घेराव किया। शिक्षक जनपद तिराहा से पैदल रैली निकालते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे और मुख्य द्वार पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर लंबित मांगों पर जल्द निर्णय लेने की मांग की।







शिक्षकों की प्रमुख मांगों में TET की अनिवार्यता समाप्त करना, वेतन विसंगति दूर करना और पूर्व सेवा की गणना शामिल है। शिक्षकों का कहना है कि वे लंबे समय से इन मांगों को लेकर सरकार से अपील कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं हुआ है।




TET को लेकर दोहरी नीति का आरोप
शिक्षक संघर्ष मोर्चा के अमित महोदय और ममता खालसा ने कहा कि वर्तमान में कार्यरत शिक्षकों पर TET की अनिवार्यता लागू करना गलत है। उन्होंने मांग की कि TET का नियम जिस समय से लागू हुआ, उसी समय से होने वाली नई भर्तियों पर लागू किया जाए।
शिक्षकों ने आरोप लगाया कि जो शिक्षक वर्ष 1995 से सेवा में हैं, उन पर बाद में लागू नियम थोपना सरकार की दोहरी नीति को दर्शाता है। उन्होंने प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा की गणना कर सभी सेवा लाभ देने की मांग भी की।
मांगें नहीं मानी तो चरणबद्ध आंदोलन
प्रदर्शनकारियों ने सरकार से जल्द सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की। शिक्षकों ने चेतावनी दी कि यदि मांगों का शीघ्र निराकरण नहीं किया गया तो आने वाले दिनों में चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा और जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।
अतिरिक्त तहसीलदार शिवेंद्र सिंह ने बताया कि शिक्षक संघर्ष मोर्चा की ओर से सौंपे गए पांच सूत्रीय मांगों के ज्ञापन को उच्च अधिकारियों को प्रेषित किया जाएगा।








