दुर्ग में स्वास्थ्य मंत्री ने किया दुर्ग मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण:क्लासरूम का बुरा हाल, इलाज की व्यवस्था में भी मिली खामियां
By Dinesh chourasiya

छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने मंगलवार को दुर्ग जिले का दौरा किया। इस दौरान वे जिला अस्पताल और चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज निरीक्षण पहुंचे। यहां उन्होंने पाया कि स्वास्थ्य व्यवस्था चरमराई हुई है, तो वहीं मेडिकल स्टूडेंट्स को भी पढ़ाई में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
सबसे पहले उन्होंने उन्होंने मेडिकल कॉलेज का दौरा किया। उन्होंने देखा कि यहां 200 मेडिकल स्टूडेंट्स डॉक्टर की पढ़ाई पढ़ रहे हैं, लेकिन उनका क्लासरूम की हालत बेहद खराब स्थिति में है।








मंत्री ने देखा कि क्लासरूम में जो चेयर रखी गई हैं वो काफी चौड़े हिस्से में रखी गई हैं। इसके साथ ही क्लासरूम में एक छोटी एलईडी टीवी लगाई है, जिससे स्टूडेंट्स को पढ़ाई में परेशानी होती है।
इसके साथ ही टीचर कुछ पढ़ाएगा तो उसकी आवाज पीछे तक नहीं जाएगी। यह देख स्वास्थ्य मंत्री डीन से कहा कि क्लासरूम में या तो बड़ा एलईडी टीवी लगाएं या फिर कई एलईडी लगाएं। साथ ही क्लास में साउंड की व्यवस्था भी की जाए।

निरीक्षण के दौरान उनके साथ अहिरवारा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा, वैशाली नगर विधायक रिकेश सेन, दुर्ग शहर व ग्रामीण विधायक गजेंद्र यादव और ललित चंद्राकर, पूर्व विधायक सांवलाराम डहरे, कलेक्टर व एसपी सहित अन्य नेता व अधिकारी सहित मेडिकल कॉलेज का स्टाफ मौजूद रहा।





अस्पताल में मिली भारी अव्यवस्था
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने मेडिकल कॉलेज की बिल्डिंग के बाद वहां के अस्पताल बिल्डिंग का निरीक्षण किया। इस दौरान वे ट्रॉमा सेंटर, मातृत्व केंद्र, ओपीडी और ऑपरेशन थिएटर का निरीक्षण करने पहुंचे। निरीक्षण के दौरान उन्हें कई खामियां देखने को मिलीं। इसके तुरंत ठीक करने के निर्देश दिए गए।
दुर्ग जिला अस्पताल को और बेहतर बनाने का होगा काम
श्याम बिहारी जायसवाल ने सबसे पहले जिला अस्पताल दुर्ग का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पाया कि वहां डॉक्टरों की कमी है। उन्हें बताया गया कि वहां 6 डायलिसिस यूनिट को बढ़ाने की आवश्यकता है। डॉक्टरों की कमी को लेकर स्वास्थ मंत्री ने कहा कि दुर्ग के जिला अस्पताल और मेडिकल कॉलेज अस्पताल को और भी बेहतर बनाने की कोशिश की जाएगी।
डॉक्टर्स के साथ मीटिंग, अलग-अलग एजेंडों पर चर्चा
निरीक्षण के दौरान चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज में स्वास्थ्य मंत्री ने डॉक्टरों की बैठक बुलाई। लगभग 2 घंटे तक चली बैठक में उन्होंने वहां के लिए अलग-अलग एजेंडों पर चर्चा की। इसके बाद उन्होंने यहां लंच किया, फिर लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल निरीक्षण करने पहुंचे।




