
कफ़न भी नसीब नहीं हो रहा लाशों को, हादसे के बाद अस्पतालों का ऐसा मंजर की देखकर काँप उठेगी आपकी भी रूहb
By Dinesh chourasiya







उड़ीसा: बालासोर में सामने आएं ट्रेन हादसे में मरने वालों की संख्या लगातार बढ़ती ही जा रही हैं। बताया जा रहा हैं की मृतकों की संख्या 500 से भी अधिक हो सकती हैं क्योंकि घटनास्थल पर अब भी तीन सवारी बोगियां जस की तस मलबे के तौर पर पड़ी हुई हैं।
गैस कटर, मशीनों के साथ बचावकर्मी बोगियां के भीतर दाखिल होने की कोशिश में हैं।
वही मौके पर हालत बेहद चौंकाने वाले हैं। बताया जा रहा हैं की अब आसपास के अस्पतालों में लाशों को रखने की जगह भी कम पड़ती जा रही हैं। शवों को ढंकने के लिए कफ़न भी नहीं हैं। जो कपडे ट्रेन से बरामद किये गए हैं उनसे लाशों को ढंका जा रहा हैं। जो कोई भी यह मंजर अपनी आँखों से देख रहा हैं उसे भी विश्वास नहीं हो रहा हैं की आखिर इतने लोगो की मौत एक साथ कैसे मुमकिन हैं?




राहत और बचावकर्मी लगातार शवों को ट्रेन से बाहर निकाल रहे हैं। सैकड़ों की संख्या में मौके पर एम्बुलेंस तैनात हैं जो उन लाशों को ढोने का काम कर रहे हैं। आलम ये हैं की अस्पतालों में अब उन लाशों को रखने के लिए जगह भी कम पड़ रही हैं। अब प्रशासन के सामने सबसे चुनौती उन लाशों की शिनाख्त करना और उन्हें उनके असली परिजनों को सौंपने की हैं बावजूद पहली प्राथमिकता घायलों को जल्द से जल्द उपचार मुहैया कराना हैं, ताकि मरने वालों का आंकड़ा बढ़ने से रोका जा सके।








