दुर्ग के पाटन में नकली सोना देकर ज्वेलर्स से 19.32 लाख ठगे ट्रेन से भाग रहे राजस्थान के 6 आरोपी दबोचे गए
By Dinesh chourasiya
दुर्ग के पाटन में ज्वेलर्स से 19 लाख 32 हजार रुपए की ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के छह सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। सभी आरोपी राजस्थान के अलवर जिले के रहने वाले हैं। गिरोह ने पहले असली सोना गिरवी रखकर ज्वेलर्स का भरोसा जीता। इसके बाद नकली सोने की पत्तियां असली बताकर 15 लाख 93 हजार रुपए लिए। दुकान से 3 लाख 39 हजार रुपए के सोने-चांदी के आभूषण भी उधारी में ले गए।







आरोपी अलग-अलग इलाकों में घूमकर ज्वेलर्स को निशाना बनाते थे। शुरुआत में चटाई बेचने के बहाने कस्बों और ग्रामीण इलाकों में पहुंचते थे। इसी दौरान स्थानीय ज्वेलर्स से संपर्क करते थे। भरोसा बढ़ाने के लिए गिरोह का कोई सदस्य पहले असली सोने की अंगूठी या अन्य आभूषण गिरवी रखता और तय समय पर रकम वापस कर देता था। इससे ज्वेलर्स को उन पर विश्वास हो जाता था।
गिरोह ने 24 सितंबर को पाटन के पुराना बाजार स्थित लक्ष्मी ज्वेलर्स में ठगी की। आरोपियों ने 18 सोने की पत्तियां बताकर करीब 180 ग्राम माल गिरवी रखा। इसके बदले व्यापारी से 15 लाख 93 हजार रुपए लिए। साथ ही तीन सोने की अंगूठियां और एक जोड़ी चांदी की पायल करीब 3 लाख 39 हजार रुपए की उधारी में ले गए।




आरोपियों ने एक सप्ताह में ब्याज सहित पूरी रकम लौटाने का भरोसा दिलाया था। समय पर रकम नहीं लौटाने पर ज्वेलर्स को संदेह हुआ। जांच कराने पर गिरवी रखी गई पत्तियों में करीब 10 प्रतिशत ही सोना और 90 प्रतिशत दूसरी धातु मिली। इसके बाद व्यापारी ने पाटन थाने में शिकायत दर्ज कराई।

25 लाख की दूसरी ठगी से पहले पकड़े गए
इसी बीच पुलिस को बालोद के अर्जुन्दा क्षेत्र से सूचना मिली कि कुछ संदिग्ध इसी तरीके से एक अन्य ज्वेलर्स के यहां नकली सोना गिरवी रखकर करीब 25 लाख रुपए लेने की कोशिश कर रहे हैं। पुलिस टीम ने अर्जुन्दा में कार्रवाई कर संदिग्धों को पकड़ लिया।
पूछताछ में राजनांदगांव शहर में किराये के मकान में गिरोह के अन्य सदस्यों के ठहरने की जानकारी मिली। पुलिस वहां पहुंची, लेकिन कुछ आरोपी पहले ही निकल चुके थे। सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी सुरागों से उनकी तलाश शुरू की गई। आरोपियों के ट्रेन से भागने की जानकारी मिलने पर दुर्ग पुलिस ने आरपीएफ नागपुर से संपर्क किया। आरपीएफ की मदद से ट्रेन से भाग रहे दो महिलाओं और दो पुरुषों को पकड़ा गया। इस तरह गिरोह के कुल छह सदस्य पुलिस की गिरफ्त में आए।
23 नकली और एक असली सोने की पत्ती जब्त
पुलिस ने आरोपियों के पास से 23 नकली सोने की पत्तियां और एक असली पत्ती बरामद की। 24 पत्तियों का कुल वजन करीब 240 ग्राम है। इसके अलावा 16 हजार 190 रुपए नकद, मोटरसाइकिल, छह गुप्त कपड़े की थैलियां, ज्वेलर्स दुकान का कोरा बिल, आधार कार्ड, एटीएम कार्ड, हथौड़ी, पेचकस, स्क्रूड्राइवर और वाहन बिक्री पत्र जब्त किया गया।

कमर की गुप्त थैलियों में रखते थे सामान
आरोपियों के पास से कमर में बांधने वाली छह गुप्त कपड़े की थैलियां मिली हैं। पुलिस के मुताबिक, इनमें नकदी और अन्य सामान छिपाकर आरोपी आसानी से एक जगह से दूसरी जगह जाते थे।
कई जिलों के ज्वेलर्स को किया सतर्क
पाटन की घटना के बाद दुर्ग पुलिस ने दुर्ग, बालोद, बेमेतरा, राजनांदगांव और रायपुर के ग्रामीण व कस्बाई क्षेत्रों के ज्वेलर्स और ज्वेलर्स एसोसिएशन से संपर्क किया। पुलिस ने गिरोह के ठगी करने के तरीके की जानकारी साझा कर व्यापारियों को सतर्क किया है।
पुलिस अब आरोपियों की दुर्ग, पाटन, राजनांदगांव, अर्जुन्दा और गुंडरदेही समेत आसपास के इलाकों में आवाजाही की जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि गिरोह ने इससे पहले कितने ज्वेलर्स को इसी तरीके से निशाना बनाया और किन जगहों पर ठगी की कोशिश की।





