CG में सेक्स से इनकार करने पर मर्डर, प्राइवेट-पार्ट में डाला बॉस का डंडा चरित्र पर शक करता था पति, साड़ी से घोंट दिया पत्नी का गला
By Dinesh chourasiya

छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले में पति ने शारीरिक संबंध बनाने से इनकार करने पर पत्नी की हत्या कर दी। पहले सिर पर लोहे के फाइल से वार किया, फिर पत्नी के प्राइवेट पार्ट में बांस का डंडा डाल दिया। इसके बाद आरोपी ने साड़ी से उसका गला घोंट दिया।
पति अपनी पत्नी के चरित्र पर शक करता था और शराब पीकर आए दिन विवाद करता था। पुलिस ने आरोपी पति को को गिरफ्तार कर लिया है। वारदात पटना थाना क्षेत्र की है।







जानकारी के मुताबिक हथवर गांव में 11 नवंबर की सुबह सुनीता सिंह (26) की लाश मिलने की सूचना मृतका के भाई से पुलिस को दी। सुनीता का शव खाट में पड़ा था। उसके सिर से खून निकला हुआ था। सुनीता का पति विशाल सिंह घर से फरार हो गया था। विशाल ने ही सुनीता की मौत की सूचना उसके भाई को दी थी।

पत्नी के चरित्र पर करता था शक
ASP मोनिका ठाकुर ने बताया कि पुलिस ने सुनीता के शव को पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। परिजनों और आसपास के लोगों ने बताया कि विशाल सिंह शराब पीकर हमेशा अपनी पत्नी सुनीता से विवाद करता था।




पुलिस ने फरार विशाल सिंह की खोजबीन की और उसे हिरासत में लिया। पूछताछ में विशाल सिंह ने बताया कि वह अपनी पत्नी के चरित्र को लेकर शंका करता था। शारीरिक संबंध बनाने के लिए वह इनकार करती थी और विवाद करती थी।
रात में हुआ विवाद तो मार डाला
पुलिस पूछताछ में विशाल सिंह ने बताया कि 10 नवंबर की रात 11 बजे उसने पत्नी से संबंध बनाने के लिए कहा तो वह विवाद करने लगी। उसने पत्नी सुनीता सिंह की पिटाई कर दी और पास पड़े लोहे के फाइल (रेती) से सिर पर हमला कर दिया। सुनीता सिंह बेहोश हो गई तो उसने उसके प्राइवेट पार्ट में बांस का डंडा डाल दिया। गुस्से में उसने साड़ी से पत्नी का गला दबा दिया।
हत्या के बाद रातभर घर में रहा, सुबह फरार
घटना के दौरान विशाल सिंह नशे की हालत में था और पत्नी की हत्या के बाद रात को घर में ही रहा। सुबह उसने सुनीता सिंह की मौत की सूचना मायके पक्ष को दी और भाग निकला। पुलिस ने आरोपी विशाल सिंह (35) को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के खिलाफ धारा 103(1), 238 बीएनएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है।
13 साल पहले हुई थी शादी
विशाल और सुनीता की शादी साल 2011 में हुई थी। उनके दो बच्चे हैं। उनकी बेटी छात्रावास में रहकर पढ़ाई कर रही थी और छोटा बेटा अपने माता-पिता के साथ रहता था। पत्नी की हत्या और पति की गिरफ्तारी के बाद बच्चों को रिश्तेदारों को सौंपा गया है।




