
भिलाई. मैत्रीबाग में फूड पार्क बनाने के लिए जगह बदल दिया गया है। पहले इसे मैत्रीबाग परिसर के भीतर बनाने की योजना थी। अब इसे वाहन स्टैंड परिसर में बनाने के लिए स्थल चयन किया गया है। भिलाई इस्पात संयंत्र के नगर सेवाएं विभाग के अधिकारियों ने नए स्थल पर जाकर वहां चूना से मार्किंग भी किया है। यहां 25 से अधिक दुकानों का संचालन किया जाएगा। इस काम को भी निजी एजेंसी के माध्यम से बीएसपी करवाने जा रही है।
पूर्व सीजीएम बनवाना चाहते थे गार्डन में
नगर सेवाएं विभाग के तात्कालीन मुख्य महाप्रबंधक संदीप विट्ठल राव नंदनवार ने 2022 में प्रस्ताव तैयार करवाया। इसमें मैत्रीबाग गेट के भीतर जाते ही सीधे हाथ वाले रास्ते में फूड पार्क बनाने तैयारी की जा रही थी। उनके जाते ही उस काम को बंद किया गया। असल में मैत्रीबाग के भीतर देर रात तक दुकान का संचालन करने के पक्ष में नगर सेवाएं विभाग के अन्य अधिकारी नहीं थे। वे इसे बाद में तब्दील करने पर जोर दिए।







फूड पार्क में बड़े ब्रांड को मिलेगा स्थान
प्रबंधन ने तय किया है कि निजी एजेंसी के माध्यम से मैत्रीबाग के फूड पार्क में केवल बड़े ब्रांड के जायकेदार व्यंजनों को ही शामिल किया जाएगा। इस फूड पार्क को वाहन स्टैंड में बनाने के पीछे की वजह यह है कि जब पर्यटक मैत्रीबाग से निकलकर लौटते रहेंगे, तब वे वाहन स्टैंड के समीप बने इस फूड पार्क में जो खाने का मन है, उसका लुत्फ उठा सकते हैं। शाम को मैत्रीबाग बंद हो जाएगा, लेकिन फूट पार्क रात तक चलता रहेगा।
प्रस्ताव किया जा रहा तैयार
मैत्रीबाग के वाहन स्टैंड में 25 से अधिक स्टॉल शुरू में तैयार करने की योजना है। स्टॉल को इस तरह से बनाया जाएगा कि लोगों को वाहन स्टैंड से जाने में परेशानी न हो। यहां बड़े ब्रांड को स्टॉल लगाने दिया जाएगा। उसको दिक्कत न हो इसका भी ध्यान रखा जा रहा है। इससे आने वाले उम्दा फूड का जायका ले सकें।
बीएसपी करके देगी बुनियादी तैयारी
बीएसपी का नगर सेवाएं विभाग फूड पार्क के नाम पर मैत्रीबाग वाहन स्टैंड में बुनियादी तैयारी करके देगी। इसमें स्टॉल तक पहुंचने के लिए पेवर ब्लॉक लगाकर मार्ग तैयार करना होगा। वर्ना यहां पानी जमा हो जाता है। इससे आने वाले पर्यटकों को परेशानी भी होती है। इसके साथ बीएसपी को स्टॉल लगाने के लिए स्ट्रक्चर भी तैयार करके देना होगा।




कंपनी का होता स्टॉल
प्रबंधन स्ट्रक्चर तैयार करके देगा। इसके बाद अपने-अपने ब्रांड का स्टॉल एजेंसी तैयार कर लेती है। इस काम को जिस एजेंसी को दिया जा रहा है, वह सभी स्टॉल से राशि एकत्र कर प्रबंधन को हर साल देती है। वहीं शुरू में एजेंसी से एडवांस लिया जाता है। इससे बीएसपी को हर साल एक अच्छा राजस्व मिलने लगेगा।
मैत्रीबाग को होगा बड़ा फायदा
मैत्रीबाग में हर साल करीब 12 लाख पर्यटक आते हैं। फूड पार्क शुरू हो जाने से, राजस्व आने के पुराने आंकड़े ध्वस्त हो जाएंगे। पर्यटकों की संख्या दोगुना भी हो सकती थी।







