दुर्ग जिले के थानों में 10 साल से रखी थी शराब, कोर्ट के आदेश के बाद 65 लाख कीमत की 15 हजार लीटर शराब नष्ट
By Dinesh chourasiya

दुर्ग जिले के अलग-अलग थाना और चौकी परिसरों में पिछले कई सालों से जब्त शराब रखी हुई थी। अब पुलिस ने कोर्ट के आदेश के बाद करीब 65 लाख रुपए कीमत की 15 हजार लीटर से ज्यादा शराब को नष्ट किया है। यह कार्रवाई शुक्रवार को कोर्ट की अनुमति मिलने के बाद की गई। पुलिस का कहना है कि थानों में शराब रखे रहने से जगह की कमी के साथ-साथ बदबू और स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां भी बढ़ रही थीं।








जानकारी के मुताबिक जिले के अलग-अलग थानों में आबकारी एक्ट और दूसरे मामलों में जब्त शराब लंबे समय से मलखाने में जमा थी। इनमें कई मामले ऐसे थे जिनका फैसला कोर्ट से हो चुका था, लेकिन शराब अब तक थानों में ही रखी हुई थी। पुलिस ने बताया कि करीब 10 साल से जमा शराब के कारण थाना परिसरों में काफी जगह घिर गई थी।
480 मामलों में जब्त किए गए थे शराब दुर्ग पुलिस ने इस समस्या को देखते हुए विशेष कमेटी बनाई और सभी थानों में रखी जब्त शराब का रिकॉर्ड तैयार किया। इसके बाद कोर्ट से अनुमति लेकर नष्टीकरण की प्रक्रिया शुरू की गई। शुक्रवार को कुल 480 मामलों में जब्त करीब 15119.976 बल्क लीटर मदिरा को नियमों के तहत नष्ट किया गया। इसकी अनुमानित कीमत करीब 65 लाख रुपए बताई गई है।





थानों में फैल रही थी बदबू पुलिस अधिकारियों के मुताबिक थानों में लंबे समय से रखी शराब से तेज बदबू फैल रही थी। इससे थाने में काम करने वाले पुलिस कर्मचारियों को परेशानी हो रही थी। वहीं शिकायत लेकर आने वाले लोगों को भी असहज स्थिति का सामना करना पड़ता था। कई जगहों पर मलखाने में इतनी शराब जमा हो गई थी कि सामान रखने के लिए पर्याप्त जगह नहीं बची थी। पुलिस का कहना है कि शराब नष्ट होने के बाद अब थानों में अतिरिक्त जगह उपलब्ध होगी। इस जगह का इस्तेमाल बैठने और दूसरे जरूरी कामों के लिए किया जा सकेगा।




