दुर्ग के कुम्हारी में 14.60 लाख की लूट निकली फर्जी:कैशियर ने खुद रची थी साजिश, एटीएम-बूथ में छिपाए कैश और पुलिस को बताया लूट की कहानी
By Dinesh chourasiya

दुर्ग जिले में शनिवार देर शाम 14 लाख 60 हजार रुपए की लूट की कहानी फर्जी निकली। पुलिस ने इस पूरे मामले का खुलासा कर दिया है। जिस कैशियर ने लूट की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, वही इस मामले में आरोपी निकला।
जिस घटना को सच मानकर पुलिस देर रात तक नाकेबंदी से लेकर इलाके की खाक छानती रही, वह पूरी वारदात फर्जी निकली। पुलिस की पूछताछ में कैशियर ने माना कि उसने ही पैसे छिपाए थे। यह मामला कुम्हारी थाना क्षेत्र का है।







कैश डालने का करता है काम कैशियर आशीष राठौर ने 6 दिसंबर को कुम्हारी थाना में रिपोर्ट दर्ज करवाई कि वह हिटाची कंपनी के एटीएम में कैश डालने जा रहा था। इसी दौरान, रात 8.30 से 9 बजे के बीच, ग्राम कपसदा में गोयल स्कूल के पास तीन युवक बाइक से आए। एक युवक ने चाकू दिखाकर उसके गाड़ी में रखा बैग छीन लिया और 14.60 लाख रुपए लूट लिए।
शिकायत के बाद पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज किया और टीमों को आरोपियों की तलाश में भेजा।
पूछताछ में तथ्यों को छिपाने लगा आरोपी एटीएम कैश लोडिंग कंपनी के कर्मचारी ने पुलिस के सामने स्वीकार किया कि उसने लूट की झूठी कहानी बनाई थी।




पुलिस प्रवक्ता पद्मश्री तंवर के अनुसार, शिकायत दर्ज होते ही मामला संदिग्ध लगने लगा, क्योंकि कैशियर हर बार पूछताछ में कुछ न कुछ छिपा रहा था। जब पुलिस ने घटनाक्रम की जांच की, तो कई विरोधाभासी बातें सामने आईं। प्रार्थी द्वारा बताए गए घटना स्थल पर न तो कोई संघर्ष या संदिग्ध हरकत के निशान मिले और न ही स्थानीय लोगों ने ऐसी कोई घटना देखी होने की पुष्टि की।
कड़ाई से पूछताछ में उगला सच इसके बाद पुलिस ने आशीष राठौर से कड़ाई से पूछताछ की। घंटों चली पूछताछ में आखिरकार उसने सच उगल दिया। आरोपी कैशियर ने स्वीकार किया कि उसने एटीएम में पैसे डालने के बजाय उसे दूसरे एटीएम परिसर में पहले से ही छिपा दिया था।
फिर उसने खुद को लूट का शिकार दिखाने के लिए एक मनगढ़ंत कहानी तैयार की। उसकी योजना थी कि जब बैंक बीमा कंपनी से क्लेम लेकर पैसा वापस पा लेगा, तब वह छुपाए हुए रुपए को आराम से हड़प लेगा।
लंबे समय से बना रहा था योजना पुलिस के अनुसार आरोपी काफी समय से इस योजना बना रहा था। लगातार फिराक में था कि कंपनी एटीएम में पैसा डालने भेजेगी तो उसे गायब कर देगा। जब उसने योजना के तहत लूट की कहानी बनाई तो पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की। उसके बयान और घटनास्थल की परिस्थितियां मिलान में नहीं बैठीं और वह पकड़ा गया।
पुलिस ने आरोपी पर अमानत में खयानत सहित अन्य गंभीर धाराओं में अपराध दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। जांच टीम ने आरोपी के बताए स्थान पर छिपाए गए 14.60 लाख रुपए भी बरामद कर लिए हैं। फिलहाल पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या इस योजना में कोई और भी शामिल था, या कर्मचारी ने अकेले ही यह कदम उठाया।







