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छत्तीसगढ़ के भाजपाई बोले-पहले हमें लाठी मारो:रायपुर में महंत के बंगले के बाहर किया प्रदर्शन; अपने बयान पर चरणदास ने जताया खेद

By Dinesh chourasiya

लोकसभा चुनाव के बीच छत्तीसगढ़ के नेता प्रतिपक्ष डॉ चरण दास महंत के बयान के बाद सियासी पारा चढ़ गया है। बीजेपी इसके खिलाफ बुधवार को सड़क पर उतर आई। डिप्टी CM विजय शर्मा समेत तमाम भाजपाइयों ने रायपुर स्थित महंत के सरकारी बंगले के बाहर प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि हम तो लाठी खाने के लिए आए हैं।

भाजपाइयों ने सिविल लाइन थाने के बाहर भी नारेबाजी कर FIR दर्ज करने की मांग की। बयान के खिलाफ चुनाव आयोग में भी शिकायत की गई है और ‘मैं हूं मोदी का परिवार, पहले लाठी मुझे मारो’ पोस्टर भी जारी किया है।

हंगामा बढ़ने पर महंत ने बयान पर सफाई दी है। उन्होंने कहा कि उनके बयान को तिल का ताड़ बना दिया गया। प्रधानमंत्री सम्मानित पद है। मैंने ऐसा कुछ कहा ही नहीं है, लोग पता नहीं क्यों कह रहे हैं। मैं तो कबीरपंथी हूं, मैं इस तरह की गलत बात तो कर ही नहीं सकता। मेरी बातों से बुरा लगा है, तो मैं खेद व्यक्त करता हूं।

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत के बंगले के बाहर प्रदर्शन करते भाजपाई।

डिप्टी CM विजय शर्मा ने जारी किया पोस्टर

उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बुधवार को ‘मैं हूं मोदी का परिवार, पहली लाठी मुझे मारो’ पोस्टर लॉन्च किया। उन्होंने कहा कि, हम जनता तक मुद्दे को ले जाना चाहते हैं। महंत ने सामूहिक रूप से हिंसा फैलाने के लिए प्रेरित किया है। इस तरीके का बयान अशोभनीय है। चुनाव आयोग से आग्रह है कि उन पर कार्रवाई करे। जब-जब ऐसे बयान आए हैं, मोदी जी के लिए जनता का प्रेम बढ़ा ही है।

डिप्टी CM विजय शर्मा ने 'मैं हूं मोदी परिवार, मुझे भी लाठी मारो' पोस्टर लॉन्च किया।

महंत का बयान बना कांग्रेस के खिलाफ मुहिम

महंत के बयान को बीजेपी ने अपने लिए हथियार बना लिया है। इसके खिलाफ मुहिम शुरू कर दी है। सोशल मीडिया से लेकर सड़क तक प्रोटेस्ट हो रहा है। सोशल मीडिया पर ‘पहली_लाठी_मुझे_मारो’ को हैश टैग के साथ बीजेपी के नेता और कार्यकर्ता पोस्ट कर रहे हैं।

पहले जानिए क्या है पूरा विवाद…

दरअसल, राजनांदगांव में मंगलवार को भूपेश बघेल के नामांकन के दौरान महंत ने विरोधियों पर निशाना साधा था। जनसभा में महंत ने कहा था, हमें नरेंद्र मोदी का मूड़ (सिर) फोड़ने वाला आदमी चाहिए। रात-दिन तंग करके चीन भेजने वाला आदमी चाहिए। एक संरक्षक चाहिए, अच्छा लाठी धर कर मारने वाला।

वहीं उन्होंने उद्योगपतियों को लेकर कहा कि, नवीन जिंदल ने रायगढ़ और पूरी खदानों को लूट लिया। इन लोगों ने हम छत्तीसगढ़ियों की ऐसी की तैसी की है। हमने ही इन्हें सिर पर चढ़ाकर रखा था। हमें कहने में शर्म नहीं है कि ऐसे लोगों को तो हमें जूते मारने चाहिए। 

जानिए बीजेपी में किसने क्या-क्या कहा?

‘पहले मेरे सिर पर लाठी मारें’

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष ने जो बयान दिया हम उसकी निंदा करते हैं। कांग्रेसियों से मैं कहता हूं कि उन लोगों में हिम्मत हैं तो मैं भी मोदी परिवार का हिस्सा हूं। वे लाठी मारें तो पहले मेरे सिर पर मारें। कांग्रेसियों का मानसिक संतुलन बिगड़ गया है, इसलिए वे अनाप-शनाप बोल रहे हैं।

‘मैं भी मोदी हूं, मुझे लाठी मारो’

प्रदेश के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि मोदी किसी व्यक्ति का नाम नहीं है। मोदी एक सोच का नाम है, जो भारत को विकसित राष्ट्र बना रहे हैं। कांग्रेस की सोच रही भय आतंक और तानाशाही सरकार चलाने की। पहले छत्तीसगढ़ की जनता ने सबक सिखाया अब देश की जनता कांग्रेस को सबक सिखाएगी।

‘कांग्रेस के मुंह पर तमाचा जड़ेगी जनता’

भाजपा प्रदेश चुनाव प्रभारी नितिन नबीन ने कहा, मैं भी हूं मोदी का परिवार और मैं कांग्रेस के नेताओं को कहना चाहता हूं कि पहले लाठी मुझे मारें।’ नबीन ने कहा कि हमने कुछ नहीं बोला है, पर अब छत्तीसगढ़ की जनता बोलेगी। इस पूरे बयान का जवाब जनता जरूर देगी और कांग्रेस के मुंह पर तमाचा जड़ेगी।

बीजेपी नेताओं ने महंत के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत की है।

‘आम जन को प्रधानमंत्री के खिलाफ हिंसा के लिए भड़काया’

महंत के बयान के खिलाफ बीजेपी के महामंत्री संजय श्रीवास्तव, निर्वाचन समिति के संयोजक विजय मिश्रा, प्रदेश मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी, निर्वाचन समिति के सह संयोजक मोहन पवार और ओबीसी मोर्चा जिला अध्यक्ष सुनील चौधरी ने निर्वाचन आयोग में शिकायत की।

संजय श्रीवास्तव ने कहा कि, चरण दास महंत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदर्भ में हेटस्पीच (अमर्यादित बयान) देकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं और आम जन को प्रधानमंत्री जी के खिलाफ हिंसा के लिए भड़काने के लिए विवादित बयान दिया है। उन्होंने कहा कि, महंत आपराधिक बल से लोकसभा चुनावों को प्रभावित करने का प्रयास कर रहे हैं I

अब जानिए कांग्रेस में किसने क्या कहा

छत्तीसगढ़ की कहावतों को नहीं जानते भाजपा नेता

नेता प्रतिपक्ष डॉ चरणदास महंत ने कहा कि, उनके बयान को तोड़-मरोड़ कर पेश किया जा रहा है। ऐसे लोगों को छत्तीसगढ़ की रीति-नीति का ज्ञान नहीं है। उन्होंने कहा कि, ‘ठीकरा फोड़ने’ का मतलब जिम्मेदारी वहन करना होता है। छत्तीसगढ़ी में इसे ‘मूड़ फोड़ना’ ही कहा जाता है।

उन्हें छत्तीसगढ़ की रीति-नीति और संस्कृति का शायद ज्ञान नहीं है, इसलिए उनके सहज व विशुद्ध छत्तीसगढ़िया वाक्यों को गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है। छत्तीसगढ़िया में एक प्रचलित वाक्य जैसे-लउठी धर के दउड़ा न…, मार न टूरा ला…जैसे कई वाक्य सहज रूप से उपयोग में लाए जाते हैं।

केवल राजनीतिक मुकाबले की हुई थी बात- शुक्ला

कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि महंत ने पीएम मोदी पर हमला करने की बात कभी नहीं कही। उन्होंने राजनीतिक रूप से मुकाबला करने के लिए, वैसे ही मजबूती के साथ उनके सामने खड़ा होने की बात कही है। बीजेपी के पास कोई मुद्दा नहीं है।

गृह मंत्री को पद से हटाने की की मांग

कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय ठाकुर ने कहा कि बीजेपी का यह कैसा विरोध प्रदर्शन है। नेता प्रतिपक्ष के बंगले का दरवाजा तोड़कर भाजपाई घुसने की कोशिश कर रहे थे। गृह मंत्री विजय शर्मा भीड़ का नेतृत्व करते हैं और भीड़ नेता प्रतिपक्ष के बंगले में तोड़-फोड़ की कोशिश करती है। पुलिस दबाव में मूकदर्शक बनी रहती है।

गृह मंत्री के हाथ में तो प्रदेश की कानून व्यवस्था होती है। ऐसे में गृह मंत्री ने आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन भी किया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को तत्काल विजय शर्मा को गृह मंत्री के पद से हटाना चाहिए।

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