
भिलाई में सट्टे की लत पड़ी महंगी ,पांच लाख बनी मौत की वजह,ऐसे पहुंची आरोपियों तक पुलिस…आईडी के लिए पैसे देने वाले ओम प्रकाश साहू (46) की पहले डंडे से पिटाई की गई, फिर गला दबाकर मौत के घाट उतार दिया।
By Dinesh chourasiya
जानिए क्या है मामला







भिलाई तीन थाना टीआई मनीष शर्मा ने बताया कि 31 मई शाम 7.30 बजे एकता नगर में किराए पर रहने वाला ओम प्रकाश को आरोपियों ने फोन कर उमदा किराए के मकान में बुलाया। ओम प्रकाश ने अपनी पत्नी को बताया कि पांडेय महराज बुला रहे हैं। (cg news today) वहीं जा रहा हूं। 8 बजे वह मकान में पहुंचा। वहां खुर्सीपार निवासी आशीष तिवारी, अनुज तिवारी और रजनीश पांडेय मौजूद थे। ओम प्रकाश के साथ मिलकर तीनों ने शराब पी। (CG Bhilai crime news) उसके बाद आईडी के 5 लाख रुपए लौटाने को लेकर विवाद शुरू हो गया। विवाद में आशीष, अनुज और रजनीश ने मिलकर डंडे से उस पर वार कर दिया। जब वह जमीन पर गिर गया तो उसका गला दबाकर मौत के घाट उतार दिया।
जेल में सभी की हुई थी मुलाकात




जामुल पुलिस ने एडीपीएस के प्रकरण में मृत ओमप्रकाश को, नंदिनी पुलिस आरोपी आशीष तिवारी को, भिलाई तीन पुलिस रजनीश पांडेय को हत्या के एक मामले में और स्मृति नगर पुलिस सद्दाम हुसैन को धोखाधड़ी के एक मामले में अंबिकापुर से गिरफ्तार जेल भेज चुकी है। (CG Bhilai News) इन सभी की मुलाकत जेल में हुई और एक महीने के अंतराल में सभी जेल से जमानत पर रिहा हुए थे।
स्कूटर समेत शव को तालाब में फेंका,4 आरोपी गिरफ्तार
सद्दाम हुसैन की ओम प्रकाश से जेल में मुलाकत हुई थी। उसने उसे आईडी बांटने को कहा था। ओम प्रकाश ने सद्दाम के झांसे में आकर रजनीकांत से ऑनलाइन बैटिंग ऐप की नई आईडी देने के लिए 5 लाख रुपए में सौदा किया। रजनीश ने ओम प्रकाश को 5 लाख रुपए दे दिया। इधर ओम प्रकाश ने 5 लाख रुपए सद्दाम को दे दिया। (CG Breaking News) लेकिन सद्दाम ने रकम लेकर ओम प्रकाश को आईडी नहीं दी। इसके बाद रजनीश ओमप्रकाश से 5 लाख रुपए मांगने लगा। यही उसके हत्या की वजह बनी। आरोपियों ने हत्या करने के बाद उसकी पत्नी से 30 लाख रुपए की मांग की और पकड़े गए।
सद्दाम भाग रहा था रांची
पुलिस ने बताया कि इस घटना की जानकारी मिलते ही फरीदनगर निवासी सद्दाम हुसैन रांची के लिए कार से भाग रहा था। उसके साथ अंबिकापुर का एक युवक भी था, लेकिन इसकी भनक दुर्ग जिले में आए नए पुलिस अधिकारियों को लगी। आईपीएस अधिकारियों ने छत्तीसगढ़ और ओडिशा बार्डर सिघोंड़ा थाना क्षेत्र में ही घेराबंदी कर सद्दाम हुसैन को गिरफ्तार कर लिया।
स्कूटर से बंधा शव तालाब से बरामद
पुलिस ने बताया कि ओम प्रकाश की पत्नी ने पुलिस को आरोपियों के दोनों नंबर दिए। पुलिस ने आरोपियों के नंबर को ट्रेस कर उनका लोकेशन पता कर लिया। खुर्सीपार से आरोपी आशीष को दबोच लिया। इसके बाद जब पुलिस ने पूछताछ शुरू की तब आशीष ने हत्या की पूरी कहानी बता दी। रात 12.30 बजे ही पुलिस उसे लेकर मुरुम खदान पहुंची एसडीआरएफ की मदद से स्कूटर सहित शव को बाहर निकाला गया। पुलिस ने इस मामले में हत्या का प्रकरण दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
ओमप्रकाश की पत्नी से मांगे 30 लाख
टीआई ने बताया कि ओम प्रकाश साहू रात को घर नहीं लौटा। दूसरे दिन उसकी पत्नी विमला साहू को आरोपी रजनीश, आशीष और अनुज में से एक ने कॉल किया। उसे बताया कि ओम प्रकाश उनके कब्जे में है। 30 लाख रुपए की व्यवस्था कर पहुंचाएं। (Crime News Update) विमला घबरा गई और एकता नगर से डबरापारा अपने मायके जाने के लिए निकल गई। उसे रास्ते में एक युवक हेलमेट पहने मिला। उसने धमकाया और कहा कि इसकी जानकारी पुलिस को दी तो पूरे परिवार को जान से मार देगा। आधे रास्ते से विमला वापस अपने घर लौटा साहस जुटा कर उसने डबरापारा के पार्षद को जानकारी दी। पार्षद ने पूरी घटना की जानकारी पुलिस को दी। मामले में गुमशुदगी दर्जं कर ओमप्रकाश की खोजबीन शुरू की।






