
गाड़ी पर तिरंगा लगाने पर हो सकती है कार्रवाई, जानें क्या कहता है फ्लैग कोड ऑफ इंडिया का नियम
कल पूरे भारत में 74वां गणतंत्र दिवस मनाया जाएगा। इस बार के गणतंत्र दिवस समारोह में काफी कुछ खास हो रहा है। साल 2023 में परेड के दौरान देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, आर्थिक प्रगति और मजबूत आंतरिक और बाहरी सुरक्षा को दर्शाती 23 झांकियां कार्यक्रम की शोभा बढ़ाएंगी। इनमें राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों से 17 और विभिन्न मंत्रालयों/विभागों से 6 झांकियां शामिल होंगी। पूरे देशभर में तिरंगा फहराया जाएगा। लेकिन तिरंगा फहराने के कई नियम और कानून है।
तिरंगा पहराने के होते है कई नियम
गणतंत्र दिवस के मौके पर सड़कों-दुकानों पर झंडे बिकना भी शुरू हो गए हैं। आपने अक्सर देखा होगा कि लोग घरों, दुकानों, स्कूलों और संस्थानों पर झंडा फहराते हैं। वहीं, कई लोग अपनी कार, बाइक या अन्य गाड़ियों पर तिरंगा लगाना पसंद करते हैं। अगर आप भी ऐसा करते हैं तो आपको बता दें कि फ्लैग कोड ऑफ इंडिया के मुताबिक, तिरंगा फहराने के कुछ नियम होते हैं। साथ ही, ये जानना भी जरूरी है कि गाड़ियों पर कौन-कौन तिरंगा लगा सकता है।







हर कोई नहीं लगा सकता गाड़ियों पर तिरंगा?
फ्लैग कोड ऑफ इंडिया के मुताबिक, हर कोई अपनी गाड़ी पर तिरंगा नहीं लगा सकते है। गाड़ियों के ऊपर, बगल या पीछे तिरंगे झंडे को लगाना गैर कानूनी माना गया है। अगर कोई भी व्यक्ति ऐसा करता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
कौन-कौन फहरा सकता है गाड़ी पर झंडा?
फ्लैग कोड ऑफ इंडिया, 2022 के पैराग्राफ 3.44 के मुताबिक, राष्ट्रपति, उप-राष्ट्रपति, राज्यों के राज्यपाल और केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल, प्रधानमंत्री, केंद्रीय कैबिनेट मंत्री, केंद्रीय राज्य मंत्री और केंद्रीय उप मंत्री की गाड़ियों पर तिरंगा लगाने की इजाजत होती है। इसके अलावा, लोकसभा अध्यक्ष, राज्यसभा के उपसभापति, राज्य विधान परिषदों के सभापति, राज्य और संघ शासित क्षेत्रों की विधानसभाओं के अध्यक्ष, सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के जज भी गाड़ी पर तिरंगा लगा सकते हैं।











