CG में SDO को 30 हजार रिश्वत लेते ACB की टीम ने रंगे हाथों दबोचा, फाइल आगे बढ़ाने मांगे थे पैसे
By Dinesh chourasiya
छत्तीसगढ़ के जशपुर में ACB (एंटी करप्शन ब्यूरो) ने 30 हजार रुपए रिश्वत लेते SDO को रंगे हाथों पकड़ा। ग्राम पंचायत कपरोल में SDO संजय दिवाकर ने मनरेगा का काम पूरा होने के बाद 6 महीने तक पेमेंट रोका और फिर उस प्रोसेस को आगे बढ़ाने के एवज में पूर्व उपसरपंच से 70 हजार मांगे थे।







उपसरपंच ने पहले ही इसकी शिकायत ACB से कर दी थी। SDO ग्राम मधुबन टोली का रहने वाला है। बुधवार (17 जून) को पूर्व उपसरपंच 50 हजार देने घर पहुंचा था, तभी घूस लेते हुए ACB की टीम ने दबिश देकर उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।


सिलसिलेवार जानिए पूरी कार्रवाई




दरअसल, यह मामला मनोरा विकासखंड के ग्राम पंचायत कपरोल का है। जहां संजय दिवाकर RES (ग्रामीण यांत्रिकी सेवा) विभाग का प्रभारी सब-डिविजनल ऑफिसर (SDO) है।
पूर्व उपसरपंच रीतूराम यादव ने ACB से शिकायत की थी। उनका कहना था कि उनके कार्यकाल में साल 2022-23 के दौरान मनरेगा के तहत पत्थरों से भरी लोहे की जाली वाली दीवार (गेबियन संरचना) का निर्माण कराया गया था।
निर्माण कार्य पूरा होने के बाद भी उसका पेमेंट लंबे समय से रुका हुआ था, क्योंकि संबंधित काम की जांच और प्रक्रिया पूरी नहीं की जा रही थी।
6 महीने तक फाइल रोकी
शिकायत के अनुसार निर्माण कार्य की जांच और पेमेंट प्रोसेस को आगे बढ़ाने के लिए एसडीओ संजय दिवाकर ने शुरुआत में 70 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। पैसे नहीं मिलने पर उन्होंने करीब 6 महीने तक फाइल को जानबूझकर रोके रखा।
बाद में जब शिकायतकर्ता ने फिर संपर्क किया, तो कथित तौर पर रिश्वत की मांग घटाकर 50 हजार रुपए कर दी गई।
50 हजार देने के बाद भी नहीं हुआ काम
पूर्व उपसरपंच का आरोप है कि काम की जांच पूरी कराने के लिए उन्हें 50 हजार रुपए देने पड़े। इसके बाद जांच की प्रक्रिया तो पूरी हो गई, लेकिन भुगतान से जुड़ी जरूरी औपचारिकताएं फिर अटक गईं। भुगतान जारी कराने के नाम पर प्रभारी एसडीओ ने दोबारा 30 हजार रुपए की रिश्वत मांगनी शुरू कर दी।
रिश्वत की शिकायत के बाद किया ट्रैप
बार-बार रिश्वत की मांग से परेशान होकर पूर्व उपसरपंच ने एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) से शिकायत की। शिकायत की जांच और पुष्टि के बाद एसीबी ने आरोपी अधिकारी को रंगे हाथ पकड़ने के लिए जाल बिछाया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपी के पास से बरामद हुई रिश्वत की रकम
कार्रवाई के दौरान एसीबी ने आरोपी के पास से रिश्वत की पूरी रकम बरामद कर ली। एसीबी ने संजय दिवाकर के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया है। साथ ही मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। फिलहाल एसीबी पूरे मामले की जांच कर रही है।
मैदान में मुरूम डालने SDO ने मांगी थी 1 लाख रिश्वत
4 महीने पहले बलौदाबाजार जिले के पलारी जनपद पंचायत का SDO रिश्वत लेते पकड़ाया था। ग्राम पंचायत भवानीपुर के स्कूल के खेल मैदान में मुरूम बिछाया जाना था। इस काम में 10 लाख का खर्च था। SDO गोपाल कृष्ण शर्मा ने जल्दी फाइल आगे बढ़ाने के एवज में सरपंच से 1 लाख की डिमांड की थी। जिसके बाद ग्रामीणों ने ACB में शिकायत कर दी।
गांव के सरपंच ने काम करवाने के लिए पहली किस्त का पैसा दे दिया था। दूसरी किस्त 25 हजार देने पहुंचे तो ACB (एंटी करप्शन ब्यूरो) ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया। बता दें कि गोपाल कृष्ण शर्मा पलारी जनपद पंचायत में पहले सब इंजीनीयर था। हाल ही में वह प्रमोट होकर ग्रामीण यांत्रिकी विभाग में SDO अधिकारी बना था





