हाथरस में सत्संग में भगदड़, 50 से ज्यादा मौत:अस्पताल के बाहर बिखरी पड़ी लाशें; टैंपो में लादकर ले गए; 150 घायल
By Dinesh chourasiya
हाथरस में भोले बाबा के सत्संग के दौरान भगदड़ मच गई। इसमें 50 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई। 150 से अधिक भक्त घायल हैं। इनमें कई की हालत गंभीर हैं। मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। मुख्य सचिव मनोज सिंह और डीजीपी प्रशांत कुमार घटनास्थल के रवाना हो गए हैं।
एटा सीएमओ उमेश त्रिपाठी ने बताया कि हाथरस से अब तक 27 शव आ चुके हैं। इनमें 25 महिलाएं और 2 पुरुष हैं। बाकी शव सीएचसी सिंकदराराऊ में हैं। वहां करीब 150 से ज्यादा लोग एडमिट हैं। शवों के पंचनामा की प्रक्रिया चल रही है। फिर पोस्टमॉर्टम किया जाएगा। घटना रतिभानपुर में हुई है।







हादसे के बाद हालात भयावह हो गए। जैसे-तैसे घायलों और मृतकों को बस-टैंपों में लादकर जिला अस्पताल ले जाया गया। सीएम योगी ने एडीजी आगरा और कमिश्नर को अलीगढ़ पहुंचने के आदेश दिए हैं। डीएम और एसपी मौके पर पहुंच गए हैं। सत्संग में 15 हजार से अधिक लोग आए थे।

सरकारी अस्पताल फुल, प्राइवेट रिजर्व किए गए
हादसे के बाद इतने घायल पहुंचे कि सरकारी अस्पताल फुल हो गए। सीएचसी के बाहर कुछ लोग तड़पते हुए नजर आए। हाथरस प्रशासन ने प्राइवेट अस्पतालों को अलर्ट कर दिया है। सभी से बेड रिजर्व रखने को कहा है। घायल को अब प्राइवेट अस्पताल ले जाया गया है। मौके पर हालात बेकाबू हैं। हर कोई भीड़ और लाशों के बीच अपनों को तलाश रहा है।
भगदड़ क्यों मची?
सत्संग खत्म हो गया था। एक साथ लोग निकल रहे थे। हॉल छोटा था। गेट भी पतला था। पहले निकलने के चक्कर में भगदड़ मच गई। लोग एक दूसरे पर गिर पड़े। ज्यादातर महिलाएं और बच्चे थे। इस वजह से 150 से अधिक लोग घायल हो गए।








