बिलासपुर में कांग्रेसियों ने दिखाई एकजुटता:लोकसभा प्रत्याशी देवेंद्र यादव ने कार्यकर्ताओं में भरा जोश; कहा- 3 दशकों से मिला म्यूट सांसद
By Dinesh chourasiya

बिलासपुर में बुधवार को कांग्रेस कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें कांग्रेस नेताओं ने एकजुटता दिखाई। इस दौरान कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए लोकसभा प्रत्याशी देवेंद्र यादव ने कहा कि पिछले 3 दशकों से बिलासपुर को म्यूट सांसद मिलता रहा है, जो केवल थाली और ताली बजाते रहे हैं। लेकिन इस बार कार्यकर्ताओं को कांग्रेस की आवाज आमजन तक पहुंचानी है।
उन्होंने एक-एक कार्यकर्ता से चुनाव के लिए तैयार रहने का आह्वान किया। कांग्रेस भवन में बुधवार को जिला व शहर कांग्रेस कमेटी के बैनर तले आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में पहली बार कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भीड़ नजर आई।







दरअसल, लोकसभा कैंडिडेट बनने के बाद देवेंद्र यादव पहली बार कार्यकर्ताओं से रू-ब-रू हुए। यही वजह है कि नेताओं के साथ ही कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में नजर आए। बैठक में सभी नेताओं ने अपनी-अपनी बात रखी और देवेंद्र यादव को जिताने की अपील की।
देवेंद्र यादव बोले- सोशल मीडिया तक ही सीमित न रहें कार्यकर्ता
सम्मेलन में लोकसभा उम्मीदवार देवेंद्र यादव ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बहुत बड़ी संख्या है। उन्हें केवल सोशल मीडिया पर ही सक्रियता नहीं दिखानी है, बल्कि उन्हें लोगों के साथ बैठकर पार्टी के पक्ष में माहौल भी बनाना है। उन्होंने कहा कि बिलासपुर में मुझसे ज्यादा आप लोगों के परिचित हैं। उन्होंने कहा कि हरेक बूथ के कार्यकर्ताओं का ख्याल रखना देवेंद्र यादव की जिम्मेदारी है।




उन्होंने कहा कि बहुत से लोग कहते हैं देवेंद्र यादव बाहरी है, लेकिन मेरी तरफ से आप लोग जवाब देना। देवेंद्र यादव ने कहा कि अब वे बिलासपुर छोड़कर नहीं जाएंगे। देवेंद्र यादव ने कहा कि 3 दशक से इस लोकसभा क्षेत्र को म्यूट सांसद मिलता रहा है। अब बुलंद आवाज और लड़ने वाला सांसद चाहिए। बता दें कि वर्तमान में बिलासपुर लोकसभा सीट से अरुण साव सांसद हैं।

रश्मि और सियाराम ने निकाली हार की भड़ास
बैठक में पूर्व विधायकों ने भी अपनी बात रखी। तखतपुर की पूर्व विधायक रश्मि सिंह ने विधानसभा चुनाव में हार का ठीकरा भितरघातियों पर फोड़ा। रश्मि सिंह ने कहा कि कांग्रेस के अधिकृत प्रत्याशियों के खिलाफ कुछ लोगों ने भितरघात और खुलाघात कर पार्टी के साथ गद्दारी की है। लोकसभा चुनाव में ऐसा न करें।
वहीं बिल्हा के पूर्व विधायक सियाराम कौशिक की नाराजगी भी खुलकर सामने आई। बूथ स्तर के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि ये लोग बहुत ईमानदारी से काम करते हैं। यह उनका व्यक्तिगत अनुभव है। इन कार्यकर्ताओं के बीच बिचौलिए आ जाते हैं और वह अपनी भूमिका निभाकर चले जाते हैं। विधानसभा चुनाव का अपना अनुभव बताते हुए पूर्व विधायक ने कहा कि लोकसभा चुनाव में कम से कम ऐसा न हो।




