
छत्तीसगढ़ी फिल्म को लेकर आचार संहिता उल्लंघन की चुनाव आयोग से शिकायत:शख्स बोला- कका जिंदा हे’ राजनीतिक दलों को पहुंचा सकती है लाभ
By Dinesh chourasiya

छत्तीसगढ़ी फिल्म “काहे के चिंता हे कका जिंदा हे” को लेकर आचार संहिता उल्लंघन की शिकायत दर्ज कराई गई है। अनूप पांडेय नाम के शख्स के मुताबिक फिल्म से किसी राजनीतिक दल को लाभ पहुंच सकता है। दुर्ग जिला निर्वाचन आयोग में इस पर आपत्ति दर्ज कराई गई है।
अनूप पाण्डेय के मुताबिक छत्तीसगढ़ के सिनेमाघरों में 15 सितंबर से फिल्म “काहे के चिंता हे कका जिंदा हे” लगी है। फिल्म के प्रकाशन को लेकर आपत्ति दर्ज कराई है। शिकायत में बताया गया है कि फिल्म में गोबर खरीदी, धान खरीदी और कका अभी जिंदा है जैसे शब्दों का प्रदर्शन किया गया है। फिल्म के दृश्य और संवाद चुनाव को प्रभावित करने वाले हैं।







फिल्म के प्रकाश पर रोक लगाने की मांग
कहीं न कहीं ये आचार संहिता की उल्लंघन की श्रेणी में आता है। शिकायतकर्ता ने निर्वाचन आयोग से मांग की है कि वो आचार संहिता के दौरान इस फिल्म के प्रदर्शन पर रोक लगाएं। साथ ही निर्माता निर्देशक के खिलाफ भी कार्रवाई करें।
निर्वाचन आयोग का काम है नियमानुसार करे कार्रवाई-गृहमंत्री




गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू का इस फिल्म को लेकर कहना है कि आचार संहिता का उल्लंघन क्या है क्या नहीं, ये देखना निर्वाचन आयोग का काम है। निर्वाचन आयोग के अधिकारी इसे देखेंगे। अगर उन्हें लगता है कि ऐसा कुछ है तो वो नियमानुसार कार्रवाई करें।







