
बलौदाबाजार। प्रकरण में वर्ष 2020 में प्रार्थी द्वारा थाना गिधपूरी में आकर रिपोर्ट दर्ज कराया गया कि उसकी नाबालिग पुत्री दिनांक 27.05.2020 को बिना बताए घर से कहीं चली गई है। की रिपोर्ट पर गुम इंसान प्रकरण पंजीबद्ध कर जांच पतासाजी में लिया गया तथा गुमशुदा नाबालिक होने तथा किसी संदिग्ध द्वारा बहलाकर भगा ले जाने के अंदेशा पर अपराध क्र. 50/2020 धारा 363 भादवि पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
थाना गिधपुरी पुलिस द्वारा नाबालिग बालिका की तलाश कर अपहृता नाबालिग को, आरोपी गोपी निषाद पिता श्रवण निषाद उम्र 20 साल निवासी ग्राम बिजराडीह थाना गिधपुरी के कब्जे से बरामद किया गया। अपहृता से पूछताछ पर आरोपी द्वारा बहला फुसलाकर, भगा ले जाकर जबरदस्ती शारिरिक संबंध बनाने का पता चला। कि प्रकरण में धारा 366,376 भादवि 17,18,4 पाक्सो एक्ट एवं 3(2)(V)(क) अजा/अजजा अधिनियम जोड़ी गई है।







उक्त रिपोर्ट पर अपराध पंजीबद्ध कर सुभाष दास एसडीओपी बलौदाबाजार एवं थाना गिधपुरी पुलिस द्वारा आरोपी को तत्काल गिरफ्तार करते हुए उत्कृष्ट विवेचना एवं जांच कार्यवाही कर प्रकरण में विवेचना पूर्ण कर चालान न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया। न्यायालय ने प्रकरण की गंभीरता एवं साक्ष्यों के परिशीलन करने बाद आरोपी द्वारा किया गया अपराध सिद्ध होना पाया।
न्यायालय द्वारा आरोपी गोपी निषाद को भादवि की धारा 363 में 05 वर्ष का सश्रम कारावास व ₹500, धारा 366 में 05 वर्ष सश्रम कारावास व ₹500 जुर्माना, धारा 6 लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम अपराध हेतु 20 साल का सश्रम कारावास एवं ₹1000 अर्थदंड तथा धारा 3(2)(V) अजा/अजजा अधि. 1989 के अपराध हेतु आजीवन कारावास व ₹1000 का अर्थदंड का दंडादेश पारित किया गया है। अर्थदंड अदा नहीं करने की स्थिति में एक 01-01 वर्ष का सश्रम कारावास पृथक पृथक भुगताए जाने हेतु दंडादेश भी पारित किया गया है।











