
तमिलनाडु में मालगाड़ी पटरी से उतरी, 18 बोगियां जलकर खाक:52 बोगियों में डीजल भरा था, 40 अलग की गईं; तिरुवल्लूर रेलवे स्टेशन का इलाका खाली करवाया
By Dinesh chourasiya
तमिलनाडु के तिरुवल्लूर रेलवे स्टेशन के पास मनाली से जोलारपेट होते हुए कर्नाटक जा रही एक डीजल मालगाड़ी पटरी से उतर गई। इसके बाद उसमें आग लग गई। शुरुआत में पांच बोगियों में आग लगी। बाद में यह 18 बोगियां आग की चपेट में आ गईं। घटना रविवार सुबह 5.30 बजे हुई। मालगाड़ी में 52 बोगियां थीं।
जिला कलेक्टर एम प्रताप ने बताया कि 40 बोगियों को जलती हुई ट्रेन से अलग कर लिया गया है। वहीं, रेलवे स्टेशन के आसपास रहने वाले लोगों को निकालकर सुरक्षित जगह पहुंचाया गया। आग लगने का कारण अभी तक पता नहीं चल सका है।







फायर ब्रिगेड की कई टीमें बुलाई गईं। दोपहर तक मिली जानकारी के मुताबिक 10 गाड़ियों की मदद से आग पर लगभग काबू पा लिया गया है। इधर, रेलवे और पुलिस घटना वाली जगह से 100 मीटर दूर पटरी पर मिली दरार की भी जांच कर रहे हैं।
घटना की तस्वीरें…





रेलवे का बयान- तीसरे डिब्बे में सबसे पहले लगी थी आग




रेलवे ने एक बयान में बताया कि मालगाड़ी के तीसरे डिब्बे में आग लगने की खबर मिलते ही, लोको पायलट ने तुरंत इमरजेंसी ब्रेक लगाए। तिरुवल्लूर के स्टेशन मास्टर ने ओवरहेड (ओएचई) बिजली आपूर्ति बंद रोक दी। हालांकि, जब तक ट्रेन रोकी गई, आग 19वें डिब्बे तक फैल गई थी।
इस हादसे के कारण चेन्नई को बैंगलोर, केरल और रेणुगुंटा/तिरुपति से जोड़ने वाले चेन्नई अरकोणम सेक्शन में रेल परिचालन स्थगित करना पड़ा। चेन्नई सेंट्रल से शुरू होने वाली या वहां तक जाने वाली 12 मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों को रद्द कर दिया गया, और कई अन्य ट्रेनों का या तो रूट बदल दिया गया या उन्हें बीच में ही रोक दिया गया।
आग की घटना से ट्रेनों के समय में हुआ बदलाव
ट्रेन हादसे के कारण डॉ. एमजीआर चेन्नई सेंट्रल स्टेशन से रवाना होने वाली ट्रेनों सहित कई ट्रेनें रद्द कर दी गईं या प्रभावित हुईं। दक्षिण रेलवे ने एक बयान में कहा कि तिरुवल्लूर के पास आग लगने की घटना के कारण सुरक्षा उपाय के तौर पर ओवरहेड पावर बंद कर दिया गया है। इसके कारण ट्रेनों के समय में बदलाव किए गए हैं। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे यात्रा से पहले लेटेस्ट अपडेट देख लें।




