रायपुर तेलीबांधा डिवाइडर सौंदर्यीकरण मामले में बड़ा एक्शन:2 इंजीनियर सस्पेंड, 2 के खिलाफ विभागीय जांच, बिना टेंडर ठेका देने का आरोप
By Dinesh chourasiya
।रायपुर के तेलीबांधा से VIP रोड चौक तक के डिवाइडर सौंदर्यीकरण मामले में एक्शन हुआ है। राज्य सरकार ने नगर निगम के सब इंजीनियर और सहायक इंजीनियर को सस्पेंड कर दिया है, वहीं रिटायर हो चुके अधीक्षण अभियंता और कार्यपालन अभियंता के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। वहीं जोन कमिश्नर के खिलाफ आरोप पत्र जारी किया गया है।
डिवाइडर मामले में सब इंजीनियर प्रभाकर शुक्ला और सहायक इंजीनियर फत्तेलाल साहू को सस्पेंड कर दिया गया है। जानकारी के मुताबिक, इन अफसरों ने नगर निगम में पोस्टिंग के दौरान तेलीबांधा चौक से वीआईपी चौक तक डिवाइडर के सौंदर्यीकरण काम में एमआईसी के निर्देशों की अवहेलना की थी।








जिसकी शिकायत के बाद जांच की गई, जिसमें आरोप सही होने पर एक्शन हुआ है। वही हेमंत शर्मा अधीक्षण अभियंता , शिबुलाल पटेल कार्यपालन अभियंता दोनों सेवानिवृत्त हो चुके है। इसलिए पेंशन नियम अनुसार विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। दिनेश कोसरिया तत्कालीन जोन कमिश्नर के खिलाफ आरोप पत्र जारी करने का आदेश दिया गया है।

क्या था पूरा मामला
नवबंर 2022 में तेलीबांधा में बन रहे डिवाइडर के काम को बिना किसी टेंडर के शुरू कराने और इसमें आर्थिक अनियमितता के आरोप भाजपा पार्षदों ने लगाए थे।




निगम की नेता प्रतिपक्ष मीनल चौबे ने कहा था कि तेलीबांधा की सड़क पर डिवाइडर पर सौंदर्यीकरण का काम आधे से अधिक पूरा हो गया है। तब टेंडर बाद में जारी हुआ है, जिसे आपत्ति के बाद निगम निरस्त करवाने की बात की थी। 2 करोड़ का काम था।
जानबूझकर इसे 12 टुकड़ों में जारी किया। हर टुकड़े के काम की कीमत 20 लाख से कम रखी गई, क्योंकि 20 लाख के ऊपर के कामों का टेंडर ऑनलाइन करना होता है। पूरा काम एक ही व्यक्ति को दे दिया गया।




