
खूंखार गैंगस्टर अनिल दुजाना एनकाउंटर में ढेर, मेरठ में एसटीएफ के साथ हुई मुठभेड़
By Dinesh chourasiya
दुजाना का मारा जाना यूपी एसटीएफ की बड़ी सफलता कही जा रही है। बताया जा रहा है कि दुजाना साथियों के साथ मिलकर किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए जा रहा था। मुखबिर की सूचना पर एसटीएफ मेरठ यूनिट ने घेराबंदी कर ली थी।







दुजाना पर 18 मर्डर और 62 गंभीर अपराधिक मामलों का केस दर्ज है। हत्या, फिरौती, डकैती, जमीन कब्जा और सुपारी लेकर हत्या का गैंग चलाता था। एक और गैंगस्टर सुंदर भाटी जो इस समय जेल में है, दुजाना उसका कट्टर दुश्मन था। भाटी पर दुजाना ने AK 47 से एक बार अटैक किया था।
ट्रिपल मर्डर केस में भी दुजाना शामिल था। पश्चिम यूपी के अपराध जगत का दुजाना छोटा शकील टाइप था। हालांकि पश्चिम यूपी में सुंदर भाटी इस वक्त सबसे बड़ा गैंगस्टर है और जेल में है। दुजाना की मौत के बाद अब भाटी गैंग सबसे ताकतवर और मजबूत हो गया।
दुजाना के गांव के कुख्यात सुंदर ने इंदिरा गांधी को दी थी धमकी




बादलपुर का दुजाना गांव कभी कुख्यात सुंदर नागर उर्फ सुंदर डाकू के नाम से जाना जाता था। सत्तर और अस्सी के दशक में सुंदर का दिल्ली-एनसीआर में खौफ था। उसने तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी तक को जान से मारने की धमकी दे दी थी। इसी दुजाना गांव का है अनिल नागर उर्फ अनिल दुजाना। पुलिस रिकॉर्ड में 2002 में गाजियाबाद के कवि नगर थाने में इसके खिलाफ हरबीर पहलवान की हत्या का पहला मुकदमा दर्ज हुआ।








