
सुशासन तिहार के आवेदनों का एक माह में गुणवत्तापूर्ण निराकरण करें : कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा
समय-सीमा बैठक में वृहत वृक्षारोपण, सीएम हेल्पलाइन, किसानों को खाद-बीज उपलब्धता और विभिन्न योजनाओं की समीक्षा








रितेश कुमार क्राइम रिपोर्टर (पत्रकार)
बालोद, 23 जून 2026
कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने आज समय-सीमा की साप्ताहिक बैठक लेकर लंबित प्रकरणों की समीक्षा की तथा विभिन्न विषयों पर चर्चा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने सुशासन तिहार-2026 के तहत प्राप्त आवेदनों का निराकरण पूरी गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा एक माह के भीतर करने के निर्देश सभी अधिकारियों को दिए। साथ ही सीएम हेल्पलाइन के पोर्टल का नियमित रूप से अवलोकन करते हुए उसमें प्राप्त शिकायतों का समय-सीमा में निराकरण अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।





आज सुबह संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा बैठक में कलेक्टर ने कहा कि सुशासन तिहार छत्तीसगढ़ शासन का महत्वपूर्ण अभियान है, जिसके तहत आवेदनों का निराकरण पूर्ण संतृप्तिकरण के साथ किया जाना है। अतः इसके अंतर्गत लगाए गए शिविरों में प्राप्त आवेदनों का पूर्ण गुणवत्ता के साथ निराकरण करने सभी अधिकारी प्राथमिकता व गंभीरता के साथ करें। उन्होंने वर्षा ऋतु के आगमन के साथ ही जिले में वृहद पैमाने पर वृक्षारोपण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। कलेक्टर ने इस कार्य में व्यक्तिगत रूचि लेते हुए कहा कि पर्यावरण संतुलन और भावी पीढ़ी के संरक्षण के लिए वृक्षारोपण बेहद जरूरी है।
इसके लिए रिक्त शासकीय भूमि का चिन्हांकन कर अभियानपूर्वक वृक्षारोपण करने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने बताया कि इसके लिए तांदुला नदी के दोनों किनारों में, गुण्डरदेही विकासखण्ड के ग्राम खुरसुनी तथा जिले के सभी स्कूल परिसरों में पौधारोपण के लिए चिन्हांकन किया गया है। कलेक्टर ने वृक्षारोपण करने के साथ-साथ उनकी सुरक्षा और संवर्धन के लिए भी यथा संभव प्रयास करने पर जोर दिया। उन्होंने यह भी बताया कि वृक्षारोपण के लिए 03 लाख 50 हजार सीड बाॅल तथा 02 लाख ट्रंचेस तैयार किए गए हैं। बैठक में उन्होंने चालू खरीफ सीजन में जिले में खाद एवं बीज की उपलब्धता तथा वितरण के संबंध में जानकारी लेते हुए समय पर किसानों को खाद-बीज मुहैया कराने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया। कलेक्टर ने खेत बचाओ अभियान के तहत रासायनिक खाद की जगह जैविक खाद जैसे हरी खाद, ढेंचा, नैनो खाद आदि अपनाने हेतु जिले के किसानों को प्रोत्साहित करने का निर्देश उप संचालक कृषि को दिए तथा धान के बजाय अन्य फसलों का रकबा बढ़ाने के लिए कार्ययोजना तैयार कर अतिरिक्त प्रयास करने की बात कही।
बैठक में कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन के अंतर्गत प्राप्त शिकायतों का निराकरण निर्धारित समय-सीमा में अनिवार्य रूप से करने के निर्देश सभी अधिकारियों को दिए। उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा कि सीएम हेल्पलाइन समय-सीमा पर आधारित है, जिसके निराकरण की गुणवत्ता की निगरानी शासन स्तर पर हो रही है इसलिए अधिकारीगण इसमें किसी भी प्रकार की कोताही नहीं बरतें। उन्होंने सीएम हेल्पलाइन पोर्टल का प्रतिदिन नियमित रूप से अवलोकन करने हेतु निर्देशित किया। इसी तरह सुग्घर छत्तीसगढ़ अभियान के तहत शासन की विभिन्न योजनाओं का शत प्रतिशत पात्र लोगों को 31 हितग्राहीमूलक योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश जिला पंचायत के सीईओ श्री सुनील चंद्रवंशी को निर्देशित किया। इसके अलावा शाला प्रवेश के दौरान न्यौता भोज आयोजित करने तथा स्कूलों का सतत निरीक्षण करने पर भी कलेक्टर ने जोर दिया। साथ ही गत वर्ष की भांति इस साल भी कुपोषित बच्चों को सामान्य स्थिति में लाने के लिए विभागीय सहयोग से विशेष प्रयास करने के निर्देश जिला एवं ब्लाॅक स्तर के अधिकारियों को दिए।
कलेक्टर ने बैठक में शासन की मंशानुसार जिले को टीबी मुक्त बनाने के लिए अधिक संख्या में निक्षय मित्र नियुक्त करने, कृषि उन्नति योजना के तहत किसानों को दलहनी, तिलहनी तथा उतेरा फसलों के लिए प्रोत्साहित करने, ई-आॅफिस में नियमित रूप से शासकीय पत्राचार करने के संबंध में आवश्यक निर्देश अधिकारियों को दिए। इसके अलावा विभिन्न विषयों पर कलेक्टर ने समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को बेहतर ढंग से विभागीय दायित्वों का निर्वहन करने हेतु निर्देशित किया। बैठक में अपर कलेक्टर श्री अजय किशोर लकरा, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती मधुहर्ष, सहित सभी अनुविभागीय अधिकारी तथा जिला एवं ब्लाॅक स्तर के अधिकारीगण उपस्थित थे।




